Batwara 1947 vs Awarapan 2: इस बार Independence Day Weekend पर सिनेमाघरों में मनोरंजन का सबसे बड़ा संग्राम देखने को मिलने वाला है। एक तरफ जहाँ देशभक्ति और इतिहास के पन्नों से जुड़ी देश के विभाजन की दर्दनाक गाथा लेकर ‘बंटवारा 1947’ आ रही है, वहीं दूसरी तरफ इमोशनल थ्रिलर और सीक्वल का क्रेज लेकर इमरान हाशमी की ‘आवारापन 2’ आ रही है। 14 अगस्त को दोनों ही बड़ी फिल्में एक साथ बॉक्स ऑफिस पर टकराने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
‘बंटवारा 1947’: देशभक्ति और विभाजन के दर्द का मेल
राजकुमार संतोषी के निर्देशन और आमिर खान के बैनर तले बनी ‘बंटवारा 1947’ प्रसिद्ध नाटक ‘जिस लाहौर नई वेख्या, ओ जम्या ही नई’ पर आधारित है। सनी देओल और राजकुमार संतोषी (घायल, दामिनी, घातक) लगभग तीन दशक बाद फिर एक साथ आए हैं। संगीत ए. आर. रहमान का है और बोल जावेद अख्तर के हैं।

‘आवारापन 2’: क्राइम, प्यार और प्रायश्चित का सफर
2007 की कल्ट क्लासिक फिल्म का सीक्वल ‘आवारापन 2’ शिवम् (इमरान हाशमी) के उसी दर्द और जुर्म की दुनिया में वापसी की कहानी को आगे बढ़ाता है। अपराध और बदले की दलदल में फंसा मुख्य किरदार एक बार फिर प्यार, प्रायश्चित और मुक्ति के रास्ते तलाशता नजर आएगा। इमरान हाशमी का आइकॉनिक अंदाज और मिथुन व अमाल मलिक का रूहानी संगीत और दिशा पाटनी की नई एंट्री और जबरदस्त एक्शन सीन्स देखने को मिलेंगे।

अब देखना यह दिलचस्प होगा कि बॉक्स ऑफिस पर सनी देओल का देशभक्ति का अवतार बाजी मारता है या फिर इमरान हाशमी के ‘आवारापन’ का जादू दर्शकों के सिर चढ़कर बोलता है। फिलहाल, 14 अगस्त का यह शुक्रवार भारतीय सिनेमा और दर्शकों, दोनों के लिए बेहद खास और रोमांचक साबित होने वाला है।
